मिश्रण के घटकों के क्वथनांकों की भिन्नता का उपयोग करते हुए किसी मिश्रण के घटकों को अलग करने की प्रक्रिया निम्नलिखित कहलाती है-
A) भंजक आसवन
B) प्रतिस्थापन
C) प्रभाजी आसवन
D) फिल्टरन
Answer : C
Description :
मिश्रण के घटकों के क्वथनांकों की भिन्नता का उपयोग करते हुए किसी मिश्रण के घटकों को अलग करने की प्रक्रिया को प्रभाजी आसवन कहते हैं।
प्रभाजी आसवन (Fractional Distillation) प्रभाजी आसवन विधि के द्वारा उन मिश्रित द्रवों का पृथक्करण किया जाता है जिसमें द्रवों के क्वथनांकों में बहुत कम अन्तर होता है। Ex. भूगर्भ से निकाले गये खनिज तेल से पेट्रोल, डीजल, मिट्टी का तेल प्रभाजी आसवन विधि द्वारा प्राप्त किया जाता है।
Related Questions - 1
ग्रीन हाउस प्रभाव में पृथ्वी के वातावरण का गर्म होना, किसका कारण से होता है?
A) इन्फ्रारेड-किरणें
B) अल्ट्रावायलेट-रे
C) एक्स-रे
D) कॉस्मिक तरंगे
Related Questions - 2
किसी भी तंत्र से जल के निष्कासन के प्रक्रम को कहते हैं-
A) ऑक्सीकरण
B) अपचयन
C) निर्जलीकरण
D) वाष्पीकरण
Related Questions - 3
बेकिगं (खाना बनाने में प्रयुक्त) सोडा का रासायनिक सूत्र है-
A) NH4CO3
B) NaHCO3
C) Na2CO3
D) (NH4)2CO3
Related Questions - 4
पानी की अस्थायी कठोरता को किसका प्रयोग करके दूर किया जा सकता है?
A) Ca(OH)2
B) CaCO3
C) HCI
D) CaCI2
Related Questions - 5
निर्जलीकरण के दौरान, शरीर से कम हो जाने वाला पदार्थ है -
A) शर्करा
B) सोडियम क्लोराइड
C) कैल्सियम फॉस्फेट
D) पोटैशियम क्लोराइड