उत्तरवर्ती गुप्त शासक का (आदित्य सेन का) एक अभिलेख कहाँ से प्राप्त हुआ है?
A) भागलपुर
B) पटना
C) अफसढ़
D) नालन्दा
Answer : C
Description :
उत्तरवर्ती गुप्त शासक का (आदित्य सेन का) एक अभिलेख अपसढ़ से प्राप्त हुआ है। हर्षवर्द्धन की मृत्यु के पश्चात् माधवगुप्त (606-647 ई.) ने स्वतंत्र सत्ता धारण कर ली। आदित्यसेन माधवगुप्त का पुत्र एवं उत्तराधिकारी था। उसने हर्षवर्द्धन की मृत्यु के पश्चात् उत्तर भारत में उत्पन्न राजनीतिक अव्यवस्था से लाभ उठाते हुए एक बड़े भू-भाग पर अपना अधिकार कर लिया। अफसढ़ लेख, शाहपुर लेख, मंदार लेख तथा वैद्यनाथ मन्दिर लेख उसकी उपलब्धियों को साबित करते हैं। उसने मगध, अंग एवं बंगाल पर शासन किया तथा माना जाता है कि वह इस वंश का सर्वाधिक शक्तिशाली राजा था। वह वैष्णव धर्म को मानने वाला था एवं सार्वजनिक कार्यों में भी उसकी रुचि थी। उपसढ़ (गया जिला) से सातवीं शताब्दी का मन्दिर मिला है, जिसकी दीवारों पर चित्र अंकित हैं।
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मगध के परवर्ती गुप्त शासकों का सही क्रम है-
A) जीवितगुप्त, हर्षगुप्त, आदित्य सेन, दामोदरगुप्त, महासेनगुप्त, माधवगुप्त, कुमारगुप्त
B) हर्षगुप्त, जीवितगुप्त, कुमारगुप्त, दामोदरगुप्त, महासेन गुप्त, देवगुप्त, माधवगुप्त, आदित्य सेन
C) महासेनगुप्त, देवगुप्त, आदित्य सेन, दामोदर गुप्त, माधवगुप्त, हर्षगुप्त, जीवितगुप्त, कुमार गुप्त
D) दामोदरगुप्त, हर्षगुप्त, आदित्य सेन, जीवितगुप्त, महासेन गुप्त, देवगुप्त, माधवगुप्त
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चीनी यात्री इत्सिंग बिहार का भ्रमण कब किया था ?
A) 405 ई. में
B) 635 ई. में
C) 673 ई. में
D) उपर्युक्त में कोई नहीं
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चन्द्रगुप्त प्रथम ने 320 ई. में महाराजा-धिराज की उपाधि कहाँ पर धारण की थी ?
A) पाटलिपुत्र में
B) इलाहाबाद में
C) उज्जैन में
D) लिच्छवी में
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7 दिसम्बर, 1942 को श्री योगेन्द्र शुक्ल कहाँ लाए गए थे?
A) राँची
B) मुंगेर
C) पटना
D) भागलपुर