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इंडियन गवर्नमेंट एग्जाम प्रेप

वर्णनातीत

A अतीत का वर्णन
B अच्छा वर्णन
C छिपा वर्णन
D वर्णन से परे
Correct Answer: D
Solution & Explanation
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संबंधित प्रश्न (Related)

‘अकार्य’ शब्द का तद्भव रुप है -

नहिं पराग नहिं मधुर मधु, नहिं विकास इहि काल।

अली कली ही सौं बिध्यौं, आगे कौन हवाल ।।

 

प्रस्तुत पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है ?

निर्देश :- नीचे दिए गए प्रत्येक प्रश्न में वाक्य के पहले और अंतिम भागों को क्रमश: 1 और 6 की संख्या दी गयी है | इनके बीच में आने वाले अंशो को चार भागों में बाँटकर य, र, ल, व, की संख्या दी गयी है | ये चारों भाग उचित क्रम में नहीं हैं इन्हें ध्यान से पढ़कर दिए गए विकल्पों में से उचित क्रम चुनिए जिससे वाक्य का निर्माण हो |

 

(1) सामाजिक जीवन में

(य) क्रोध की जरुरत बराबर पड़ती है

(र) मनुष्य दुसरों के द्वारा पहुँचाए जाने वाले बहुत से

(ल) यदि क्रोध न हो तो

(व) कष्टों की चिर निवृति का

(6) उपाय ही न कर सके।

गये थे रोजा छुड़ाने, नमाज गले पड़ी का अर्थ है -

‘पंचवटी’ शब्द में समास होगा।