Bihar Police Constable Mock Test in Hindi
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Question - 1


निर्देश (1-5) : निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर दिए गए प्रश्नों के सही उत्तर दीजिए।

 

एक सुनहरे रथ पर सवार देवता को वेदों में सूर्य कहा जाता है। भारतीय संस्कृति में सूर्य को देवता का दर्जा मिला हुआ है और इनकी पूजा की जाती है। सूर्य को त्रिदेव नाम से भी संबोधित किया गया है। जिसको ब्रह्मा, विष्णु और महेश का रुप दिया गया है। मान्यता है कि सूर्य की आभा से ही विष्णु का चक्र, शिव का त्रिशुल, यम का दंड, स्कदं का भाला और कुबेर की गदा तैयार की गई। ऐसी अनेकों कथाएँ सूर्य के लिए विख्यात हैं। इसी तरह सूर्य की मान्यता केवल भारत में ही नहीं बल्कि अन्य देशों में भी प्रचलित है। सर जेम्ज जी फ्रेजर ने ‘प्राचीन आर्यों की सूर्य पूजा’ नामक किताब में कहा है कि आर्य अपने हर काम को शुरु करने से पहले सूर्य की पूजा किया करते थे। इसी तरह ग्रीक, रोमन, आकेदी, फिनिशियाई आदि लोग भी सूर्य को देवता मानते थे। अफ्रीका में आदिवासी समूह के लोग भी सूर्य की पूजा करते हैं। बिहार में छठ पूजा भी सूर्य पूजा का प्रतीक है जिसमें उगते और डूबते सूरज को अर्घ दिया जाता है। पूरे विश्व में सूर्य की पूजा होती है। भारत में कोणार्क में सूर्य मंदिर है। पाकिस्तान और अफगानिस्तान की सीमा पर काफिरिस्तान में आज भी आर्य लोग सूर्य की उपासना करते हैं।

 

प्रश्न-1 : वेदों में सूर्य को किसका प्रतीक माना गया?



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